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शनिवार, 20 फ़रवरी 2021

मुजफ्फरनगर किसान महापंचायत में प्रियंका गाँधी की मोदी सरकार के खिलाफ हुंकार

मुजफ्फरनगर किसान महापंचायत में प्रियंका गाँधी की मोदी सरकार के खिलाफ हुंकार 




26 जनवरी को हुए घटना के बाद किसान अब दिल्ली से निकलकर गाँवोंमें जाकर कृषि कानूनों के विरोध में जनता को जागरूक कर रहे है । हरियाणा और उत्तर प्रदेश में किसान महापंचायत के जरिए, किसानों को इन कृषि कानूनों के खिलाफ़ मजबूत किया जा रहा है । तकरीबन 90 दिनों से किसानों दिल्ली में अपना डेरा जमाए हुए है । किसी भी मौसम-हालात में किसान पिछे नही हटा रहे है । 200 से अधिक किसानों की इस आंदोलन में मृत्यु हुई है । केंद्र की मोदी सरकार भी इन तिनों कानूनों को वापस नही लेने का मन बना चुकी है । 





काँग्रेस महासचिव प्रियंका गाँधी वाड्रा ने उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में हुए किसान महापंचायत को संबोधित किया । इस महापंचायत में उन्होंने मोदी सरकार को आड़े हाथों लिया । उन्होंने आपने संबोधन में कहा कि, 90 दिनों से किसानों दिल्ली कै बाहर बैठे हुए है । किसानों को परेशान करने के लिए बिजली और पानी की लाइनें काटी गई, किसानों को देशद्रोही कहा गया, उन्हें प्रताड़ित किया गया । प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किसानों का मज़ाक उड़ाया और उन्हें संसद में आंदोलनजीवी कहा । 





उन्होंने आगे कहा, पुराने कहानियों में अहंकारी राजा होते थे । हमारे प्रधानमंत्री भी अहंकारी बन चुके है । उन्होंने आपने पिता की याद दिलाते हुए कहा की, किसान जब राजीव गाँधी के वक़्त संघर्ष कर रहे थे तब उन्होंने किसानों की इज्जत की, सम्मान दिया, किसानों की बातें मानी। 

मै खुद्दार हुं, मैं गद्दारी नहीँ करूंगी । मै राजनीति के लिए यहाँ मुंह दिखाने नही आयी हुँ, मै बार-बार यहाँ आती रहूंगी । आप संघर्ष करिए, पिछे मत हटिए, इस सरकार को पिछे हटना होगा । जो जवान देश के सीमा पर सुरक्षा के लिए तैनात है वह किसानों के बेटे है । पीएम मोदी बताएं के यह कृषि कानुन उन्होंने किस को पूछकर बनाए ।




प्रियंका गाँधी ने मोदी सरकार पर पूंजीपति मित्रों का साथ देने का आरोप लगाया । उन्होंने कहा कि, प्राइवेट मंडियों में टैक्स नही लिया जाएगा । इसके कारण सरकारी मंडियां बंद हो जाएगी । प्राइवेट मंडियों में किसानों की सुनी नही जाएगी । जो पूंजीपति चाहेंगे वैसा ही होगा । इस कानुन के तहत किसानों की सुनवाई भी नही होगी । ऐसा कानुन में लिखा हुआ है ।

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