मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ़ अविश्वास प्रस्ताव ; हरियाणा की खट्टर सरकार खतरे में ? - खडे बोल

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सोमवार, 8 मार्च 2021

मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ़ अविश्वास प्रस्ताव ; हरियाणा की खट्टर सरकार खतरे में ?

मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ़ अविश्वास प्रस्ताव ; हरियाणा की खट्टर सरकार खतरे में ?


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हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ़ विपक्ष की और से अविश्वास प्रस्ताव ( No- confidence motion) लाया गया था और उसे विधानसभा स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता ने स्वीकार कर लिया है । इस अविश्वास प्रस्ताव पर पुर्व मुख्यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा सहीत काँग्रेस के 25 विधायकों ने हस्ताक्षर किए थे । विधानसभा स्पीकर ने 10 मार्च को इस प्रस्ताव पर चर्चा को मंजूरी दे दी है ।

काँग्रेस ने इस अविश्वास प्रस्ताव के साथ एक ज्ञापन भी सौंपा था । जिसमें कहा गया की, दिल्ली के सीमाओं पर चल रहे किसान आंदोलन में तकरीबन 250 लोगों की मौत हो चुकी है और उसमें से तकरीबन 30 किसान हरियाणा के थे । काँग्रेस की तरफ से कहा गया के मनोहर लाल खट्टर सरकार अपना विश्वास सदन में खो चुकी है ।

90 सदस्यों वाली हरियाणा विधानसभा में वर्तमान में  88 सदस्य है । इंडियन नैशनल लोक दल के अभय चौटाला ने इस्तीफा दे दिया था और कांग्रेस के विधायक प्रदीप चौधरी को अयोग्य घोषित किया गया था ।

हरियाणा में बीजेपी के पास 40 सीटे और जननायक जनता पार्टी के पास 10 सीटें है । सात सीटें निर्दलीय विधायक के पास है ।

हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा ने कहा, ‘‘अविश्वास प्रस्ताव से लोगों को पता चल जाएगा कि कौन विधायक सरकार के साथ खड़ा है और कौन किसानों के साथ खड़ा है ।’’


पंजाब से निकला किसान आंदोलन अब दिल्ली, उत्तर प्रदेश और हरियाणा जैसे राज्यों में व्यापक स्तर पर फैल चुका है । तिनों कृषि कानूनों को वापस लेने के लिए हरियाणा के अंदर भी आवाज तेज हो रही है ।

किसान आंदोलन के नेताओं ने हरियाणा के जनता से अपने-अपने विधायकों पर दबाव बनाने की अपील कर रहे है ।

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आॅल इंडिया किसान महासभा हरियाणा के उपाध्यक्ष इ
इंद्रजित सिंह ने कहा है की, विशेष रूप से निर्दलीय विधायक और 'जननायक जनता पार्टी' के विधायकों से संपर्क कर अविश्वास प्रस्ताव के समर्थन में वोट करने के लिए कहा जाएगा । अगर वह इस मुष्किल वक़्त में किसानों के साथ खड़े नहीं होंगे तो कभी माफ नही किया जाएगा ।

संयुक्त किसान मोर्चा, शिरोमणि अकाली दल और अन्य संगठन भी अपने-अपने तौर पर जनता में आवाहन कर रहे है ।


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